मेष राशि के सबसे अच्छे दोस्त और सबसे बड़े दुश्मन

क्या आपने कभी इस बात पर गौर किया है कि किसी वर्ष के एक खास समय के आसपास पैदा होने वाले लोग और ऐसे लोग जिनसे आपकी नहीं बनती है, उन लोगों के व्यक्तित्व की विशेषताओं में बहुत कुछ समानताएं होती हैं? ब्रह्मांडीय की संरचना पर यदि विचार करें तो यह आपको यह याद दिलाती है कि ज्योतिषीय अनुकूलता आपको यह समझने में मदद करती है कि आपके विशेष राशि चक्र के अनुकूल कौन हो सकता है और किससे आपकी अनुकूलता नहीं हो सकती है।

मेष राशि के जातकों की खासियत है कि वे ऊर्जा से परिपूर्ण होते हैं। यह कोई हैरानी वाली बात नहीं है कि अग्नि इनका प्रतीक है। मेष राशि पर बुध ग्रह का नियंत्रण होता है। ये जो खगोलीय प्रभाव होते हैं, संयोजित होकर आपके जीवन में ये एक साथ आते हैं और आपके व्यक्तित्व में ये जिंदगी की वांछित ताकत और उर्जा भी लाते हैं। स्वभाव आपका प्रतिस्पर्धा वाला है। दूसरों को कड़ी टक्कर देने से आप बिल्कुल भी पीछे नहीं हटते और इसके लिए हमेशा तैयार भी रहते हैं।

मेष राशि वाले जातकों की यह खासियत है कि वे ईर्ष्या से भरे लोगों के साथ बहुत जल्द जुड़ जाते हैं और साथ ही उनसे भी अपनी संगत बनाते हैं, जो उनके रास्ते पर चलने के इच्छुक होते हैं। कई बार आप कुछ ज्यादा ही आक्रामक भी हो जाते हैं। फिर भी आपके मित्र इस बात को समझते हैं कि आपके ऊर्जा से भरे हुए दिमाग से यह आता है। अनुकंपा वाले व्यक्ति आपका साथ पाने के बिल्कुल भी योग्य नहीं होते।

आइए, अब हम यह जानते हैं कि मेष राशि वालों के साथ किनकी बहुत ही अच्छी दोस्ती हो सकती है और कौन उनके संभावित दुश्मन हो सकते हैं।


मेष की संगति- मेष, मिथुन, सिंह, तुला, धनु और कुंभ के साथ सर्वश्रेष्ठ

मेष

मेष राशि वाले यदि मेष राशि वाले जातक से ही दोस्ती करते हैं, तो यह एक इतनी अच्छी साझेदारी हो सकती है कि इससे बेहतर और कुछ नहीं हो सकता। वास्तव में देखा जाए तो इन दोनों की दोस्ती किसी आशीर्वाद से कम नहीं होती। वह इसलिए कि मेष राशि की जो ऊर्जा और उसका उत्साह होता है, वह दोनों में बिल्कुल बराबर होता है। जब आपकी अपनी राशि के जातक से दोस्ती होती है, तो आपकी हर तरह की योजना में आप उन्हें अपने साथ पाते हैं। यहां तक कि यदि आपने उन्हें बहुत कम समय रहते भी सूचित किया है, तब भी वे आपके साथ होते हैं। इसमें कोई शक नहीं कि मेष राशि वालों के साथ आपकी दोस्ती बेहद रोमांच से भरी हुई होती है। आप दोनों एक-दूसरे को पूरा सम्मान देते हैं। इतना ही नहीं, जरूरत पड़ती है तो आप नेतृत्व करने के लिए भी आगे बढ़ जाते हैं। यह दोस्ती आप दोनों की नाटकीय जरूर होती है, लेकिन जिंदगी आपकी रोमांचपूर्ण बन जाती है।

मिथुन

मिथुन राशि वाले जातकों के साथ भी मेष राशि वाले जातकों की अच्छी दोस्ती हो जाती है। जब आप दोनों की दोस्ती होती है तो इसमें इतनी उर्जा आ जाती है कि रॉकेट की तरह यह दोस्ती उड़ान भरने लगती है। आप एक व्यवहारिक व्यक्ति हैं। मिथुन दोस्तों के जो रोमांचक विचार होते हैं, आप उन्हें अपनाते हैं और उन पर अमल भी करते हैं। मेष राशि वाले जातक बड़े ही मजेदार और आकर्षक किस्म के होते हैं। यही कारण है कि मिथुन राशि के जातकों के साथ उनकी अच्छी साझेदारी विकसित हो जाती है। दोनों साथ में मिलकर बड़े ही सुंदर तरीके से सहयोगात्मक माहौल बना लेते हैं। हालांकि, आपको इस बात का ध्यान रखना है कि आप अति उत्साही स्वभाव के न बनें। इसकी वजह से दुर्घटनाओं की चपेट में आप आ सकते हैं। वैसे आप मेष राशि के हैं। किसी तरह का कोई डर आपको नहीं होता है। वह इसलिए कि मिथुन राशि के जब आपके दोस्त होते हैं, तो वे आपको सुरक्षा प्रदान करते हैं। आपकी भलाई चाहते हैं। आपकी देखभाल भी करते हैं। मिथुन राशि के जातक खुले विचारों वाले होते हैं। इनके साथ रिश्ते बनाना सार्थक होता है। आप दोनों का साथ होना वास्तव में आप दोनों के लिए ही उपयुक्त होता है।

सिंह

सिंह और मेष दोनों ही वास्तव में अग्नि वाली राशियां हैं। यही वजह है कि जब दोनों एक साथ होते हैं, तो दोनों मिलकर अत्यधिक मात्रा में उत्साह पैदा करते हैं। सिंह राशि के जातकों के साथ यदि आपकी दोस्ती होती है, तो इस बात की संभावना अधिक होती है कि आपको भरपूर आनंद मिलेगा। आप भी शायद इसी की चाहत रखते हैं। सिंह राशि के जातकों की खासियत होती है कि उनका स्वभाव बड़ा ही कोमल और प्यार से भरा हुआ होता है। आपका जो नरम पक्ष होता है, वे उसे छू जाते हैं। अपने सिंह राशि वाले दोस्त से आपको बड़े-बड़े उपहार मिलते हैं। वे आपकी सराहना करते हैं। वे खुद की ऊर्जा से हमेशा ओतप्रोत होते हैं। दोनों का प्रतिस्पर्धी पक्ष भी एक-दूसरे के सामने आपकी दोस्ती के दौरान आ जाता है। साथ में आप दोनों खूब मस्ती करते हैं। सिंह राशि वाले दोस्त आपसे यह अपेक्षा रखते हैं कि आप उनके साथ एकदम रॉयल तरीके से व्यवहार करें। यह आपके लिए थोड़ा चुनौतीपूर्ण जरूर हो सकता है।

तुला

वैसे देखा जाए तो मेष और तुला दोनों आपस में विपरीत राशियां हैं। फिर भी आप दोनों बहुत ही अच्छे दोस्त बन सकते हैं। आपकी दोस्ती कुछ इस तरह की होती है कि भले ही दूसरे लोगों को यह समझ में न आए, क्योंकि आप आजादी को महत्व देते हैं, जबकि आपके तुला दोस्त सहयोगात्मक नजरिया रखते हैं। फिर भी अपने तुला दोस्त को ज्यादा आजादी से रहने, ज्यादा जोखिम लेने, आलोचनाओं को स्वीकार करने और जिंदगी के सभी मामलों में स्पष्ट दृष्टिकोण रखने के लिए प्रेरित कर सकते हैं। वहीं जब आप तुलना करते हैं, तो आपके तुला दोस्त आपको धीमा करने की कोशिश करते हैं। हालांकि वे आपको प्रेरित करते हैं कि आप किसी भी चीज की गहराई में जाकर तारीफ करें। आपके दोस्त का जो मुखर पक्ष है, आप उसे सामने ला सकते हैं। वहीं वे आपको ज्यादा कूटनीतिक बनाने का प्रयास करते हैं। आपके साहस के साथ आपके दृढ़ संकल्प को वे पूरा महत्व देते हैं। वहीं आपको उनका कृपा करने वाला स्वभाव और उनका स्टाइल पसंद होता है।

धनु

धनु राशि के जातक बिल्कुल आपकी ही तरह होते हैं। उन्हें भी पार्टी करना बहुत ही पसंद होता है। मजे करने में इनकी खासी रुचि होती है। ये भी उग्र संकेत देने वाले होते हैं। इनके साथ वास्तव में आपकी दोस्ती बहुत ही अच्छी रहती है। पार्टी में आप एक-दूसरे का पूरा साथ देते हैं। साथ में जब आप रहते हैं, तो बहुत ही आसानी से आप मजे को दोगुना कर लेते हैं। आपका जो धनु दोस्त है, उसकी ईमानदारी के साथ उसके खुले दिमाग और उसके दोस्ताना रवैये की आप तारीफ करते नहीं थकते हैं। वे भी आपके उत्साह के साथ आपकी हिम्मत की हमेशा सराहना करते हैं। खेलकूद और एथलेटिक्स ये दोनों ही चीजें आप दोनों को पसंद हैं। हालांकि, यह बात जरूर है कि आपके स्वाद और प्राथमिकताओं में भिन्नता हो सकती है। फिर भी आप दोनों की दोस्ती इतनी मजबूत है कि ये भिन्नताएं कभी भी इसके मार्ग में बाधक नहीं बन सकतीं। एक-दूसरे के साथ आप बहुत ही अच्छी तरह से घुलमिल जाते हैं।

कुंभ

वास्तव में आप दोनों के बीच ढेर सारी समानताएं होती हैं। यही कारण है कि कुंभ राशि के जातकों के साथ आपकी दोस्ती लंबी चलने वाली होती है। आप दोनों में बड़ा ही बेहतर तालमेल होता है। एक-दूसरे के विचारों से आप सहमत होते हैं। एक-दूसरे के तरीकों की आप तारीफ करते हैं। जब आप में अत्यधिक सक्रियता होती है। साथ ही उत्साह से आप बड़े हुए होते हैं, तो आपका दोस्त भी उतना ही दृढ़ निश्चयी होता है और किसी चीज को करने के प्रति उनमें बड़ी जिद होती है। आप दोनों पैसों को लेकर और काम के बारे में चर्चा भी करते रहते हैं। यह चर्चा कभी न खत्म होने वाली होती है। फिर भी आप कभी भी नियंत्रण करने का प्रयास नहीं करते हैं। बिल्कुल ऐसा ही आपके दोस्त के साथ भी होता है। कभी भी उनकी कोशिश यह नहीं होती कि वे आप पर हावी हो जाएं। इस तरह से जो स्वस्थ बातचीत आप दोनों के बीच होती है, उसकी वजह से कभी भी झगड़े की नौबत नहीं आती। यदि कभी किसी वजह से आप दोनों के मध्य विवाद की स्थिति भी पैदा हो जाती है, तब भी आपके पास इसे बहुत जल्द सुलझा लेने का हुनर होता है। आप दोनों अपनी आजादी को बहुत ही अच्छी तरह से संजो कर रखते हैं।


मेष के दुश्मन- कर्क और वृश्चिक सबसे खराब

कर्क

कर्क और मेष राशि वाले जातकों के बीच काफी भिन्नता होती है। कर्क जहां एक जल राशि है, वहीं मेष एक अग्नि राशि है। इस राशि वाले जातकों के साथ आपकी संगति ज्यादातर नहीं बैठती है। आप कई बार एकदम सीधे आगे बढ़ने वाले होते हैं। थोड़ा बहुत आपमें अभिमान भी होता है। वहीं दूसरी ओर कर्क राशि के जातक न केवल संवेदनशील, बल्कि बड़े ही भावुक भी होते हैं। कर्क राशि वाले लोगों की यह खासियत होती है कि वे बड़े ही सख्त तरह के होते हैं। उनके भीतर जो परतें छिपी हुई हैं, इन परतों को तोड़ पाना और इन्हें पार कर पाना उनके लिए बड़ा ही चुनौतीपूर्ण होता है। ऐसे में इन व्यक्तियों के साथ जुड़कर इन परतों के पार पहुंच पाना आपके लिए संभव नहीं हो पाता है। इस वजह से कई बार निराशा भी हाथ लग जाती है। आपकी विशेषता है कि आप आजादी को ज्यादा महत्व देते हैं। वहीं कर्क राशि वाले पूरी तरह से आपका दम घोंटने का काम करते हैं। आप पाते हैं कि वे बड़े ही असंवेदनशील हैं। उनका नाजुक व्यक्तित्व भी आपको सहन नहीं होता है। इस वजह से आप दोनों के बीच युद्ध की रेखाएं भी खिंच जाती हैं। क्या आपको नहीं लगता कि आप एक-दूसरे के लिए खतरनाक हैं?

वृश्चिक

आपकी यह विशेषता है कि आप में अत्यधिक साहस ऊर्जा और बड़ी जोखिम लेने की क्षमता है। इसमें आपको आनंद की अनुभूति होती है। वही वृश्चिक राशि के जातकों को खतरनाक गतिविधियों में पड़ना बिल्कुल भी पसंद नहीं होता। इस वजह से आप उनसे ऊब सकते हैं। आपने जो कभी उन पर एहसान किया है, वे इसे वापस भी कर सकते हैं। जब आप इनके साथ दोस्ती करते हैं, तो आपके ज्यादा चीख-पुकार करने की नौबत आती है। इस वजह से रिश्ते में निराशा का भाव बढ़ जाता है। संभव है कि किसी गंभीर समस्या का भी सामना आप दोनों को करना पड़े।


निष्कर्ष

मेष राशि के दोस्तों और दुश्मनों के बारे में आपने समझ लिया है। यदि जो विशेषता आप में है और किसी दूसरे में भी, तो आप यदि उससे दोस्त के तौर पर नहीं जुड़ रहे हैं, तो फिर दोस्त होने का मतलब ही क्या है? उसी तरह के से जब आप यह जानते हैं कि किसी भी व्यक्ति के साथ आपकी संगति नहीं हो पा रही है, तो वैसे में उससे रिश्ता बनाकर उसे अरुचिकर आखिर क्यों बनाएं? इसलिए कुछ बारीकियों को शुरू से ही जान लेना हमेशा ही बेहतर होता है। वह इसलिए कि इससे आपके समय और आपकी कोशिशों की भी बचत होती है।